मुजफ्फरनगर के कपसाड गांव में दलित महिला की नृशंस हत्या और उनकी बेटी के अपहरण की गंभीर घटना को लेकर समाजवादी पार्टी ने कड़ा रुख अपनाया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और लोकसभा सांसद हरेंद्र सिंह मलिक जनपद के सपा प्रतिनिधिमंडल के साथ पीड़ित परिवार से मिलने कपसाड गांव पहुंचे। उन्होंने मौके पर पहुंचकर पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जानकारी ली और पीड़ित परिजनों से बातचीत कर उनकी पीड़ा को समझा।पीड़ित परिवार से मुलाकात के दौरान हरेंद्र सिंह मलिक ने कहा कि उनकी लोकसभा क्षेत्र में हुई यह खौफनाक और दिल दहला देने वाली घटना उन्हें गहरे रूप से व्यथित करती है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं समाज में भय का माहौल पैदा करती हैं और यह दर्शाती हैं कि कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के शासन में पीडीए समाज के खिलाफ अत्याचार, उत्पीड़न और अन्याय की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन सरकार इन्हें रोकने में पूरी तरह विफल साबित हो रही है।
सपा सांसद ने कहा कि दलित महिला की हत्या और बेटी के अपहरण जैसी घटना केवल एक परिवार पर नहीं, बल्कि पूरे समाज पर हमला है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि समाजवादी पार्टी इस अन्याय को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी और पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेगी। उन्होंने प्रशासन से इस मामले में त्वरित और निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और कड़ी सजा दिलाने की बात कही।हरेंद्र सिंह मलिक ने पीड़ित परिवार को भरोसा दिलाया कि समाजवादी पार्टी उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है। उन्होंने कहा कि न्याय की इस लड़ाई में पार्टी हर कदम पर पीड़ितों का साथ देगी, चाहे वह कानूनी लड़ाई हो या सड़क से लेकर सदन तक की आवाज। उन्होंने यह भी बताया कि इस पूरे प्रकरण की जानकारी समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को दी गई है।सपा सांसद ने पीड़ितों को अखिलेश यादव का संदेश भी पहुंचाया, जिसमें कहा गया है कि समाजवादी पार्टी इस उत्पीड़न और अन्याय के खिलाफ तन, मन और धन से पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है। अखिलेश यादव ने भी दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है और पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया है।इस दौरान सपा प्रतिनिधिमंडल में शामिल अन्य नेताओं ने भी पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया और कहा कि समाजवादी पार्टी हमेशा शोषित, वंचित और पीड़ित वर्ग की आवाज बनकर खड़ी रही है। गांव में सपा नेताओं के पहुंचने से स्थानीय लोगों में भी चर्चा रही और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हुए।समाजवादी पार्टी ने स्पष्ट किया कि जब तक पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिल जाता, तब तक पार्टी चुप नहीं बैठेगी और इस मामले को लगातार उठाती रहेगी।
















